बिहारराज्य

जेलों की निगरानी में बदलाव, अब हर 3 महीने में होगा निरीक्षण; DM की जगह जज

 पटना
 राज्य की जेलों की निगरानी व्यवस्था में बदलाव किया गया है। सरकार ने बिहार कारा हस्तक के नियमों में संशोधन किया है। यह बदलाव सर्वोच्च न्यायालय के 30 जुलाई और 10 सितंबर 2026 के आदेश के आलोक में किया गया है।

संशोधन के तहत नियम में जहां जिला मजिस्ट्रेट लिखा है, उसे हटाकर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश किया जाएगा। यानी अब जिले में जेलों के परिदर्शक मंडल के पदेन अध्यक्ष जिला मजिस्ट्रेट की जगह प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश होंगे।

सभी जेलों के लिए बनेगा एक परिदर्शक मंडल
संशोधित व्यवस्था के अनुसार जिले की सभी जेलों के सरकारी और गैर-सरकारी परिदर्शकों को मिलाकर एक परिदर्शक मंडल बनेगा। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश इसके पदेन अध्यक्ष होंगे। सरकारी और गैर-सरकारी परिदर्शक मिलकर जिले की जेलों का निरीक्षण करेंगे।

परिदर्शकों को कम से कम तीन महीने में एक बार जिले की जेलों का भ्रमण करना होगा। इस दौरान जेलों की व्यवस्था और बंदियों से जुड़ी स्थिति का जायजा लिया जाएगा।
सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में संशोधन

नियम में यह बदलाव सर्वोच्च न्यायालय में चल रहे भारत की जेलों में भेदभाव से संबंधित मामले में दिए गए निर्देशों के अनुपालन में किया गया है। संशोधित व्यवस्था के तहत जेलों की निगरानी और निरीक्षण की जिम्मेदारी में न्यायिक स्तर पर बदलाव किया गया है।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button